A. एनएसएफडीसी का अर्थ है नेशनल शेड्यूल्ड कास्ट्स फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कार्पोरेशन। इसकी स्थापना भारत सरकार द्वारा सामाजिकं न्याय और अधिकारिता मंत्रालय के अंर्तगत ८ फरवरी, १९८९ को कंपनी आधनियम, १९५६ की धारा २५ के अधीन लाभ निरपेक्ष कंपनी के रूप में की गई।
Q.एनएसएफडीसी का पता क्या है?
A.एनएसएफडीसी का प्रधान कार्यालय दिल्ली में है। इसका पूरा पता तथा संपर्क नंबर निम्नलिखित है :-
नेशनल शेड्यूल्ड कास्ट्स फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कार्पोरेशन,
14वीं मंजिल, स्कोप मीनार, कोर 1 व 2, लक्ष्मी नगर, दिल्ली - 110 092
फोन: 011-22054392, 22054394, 22054396.
फॅक्स : 011-22054395 ई-मेल : nsfdc@ bol.net.in
वेबसाइट : www.nsfdc.nic.in
इसके पॉच ऑचलिकं कार्यालय मुंबई, कोलकाता, बैगलूर, लखानौ और गुवाहटी में स्थित हैं।
Q.इसकी स्थापना क्यों की गई?
A. इसकी स्थापना गरीबी रेखा के दुगने से कंम पर जीवन-यापन कंरने वाले अनुसूचित जाति परिवारों के व्यक्तियों के कौशल उन्नयन सहित आर्थिकं सशक्तिकंरण के लिए योजनाबद्ध तरीके से वित्त पोषित कंरने हेतु की गई थी ।
Q.इसका लक्ष्य क्या है?
A. उद्यमिता के माध्यम से लक्ष्य समूह के आर्थिकं सशक्तिकंरण के लिए संगठित प्रयास।
Q.एनएसएफडीसी का मुख्य उद्देश क्या है?
A. एनएसएफडीसी का मुख्य उद्देश गरीबी रेखा के दुगने से नीचे रहने वाले अनुसूचित जाति के परिवारों के व्यक्तियों के आर्थकिं सशक्तिकंरण के लिए उन्हें वित्त पोषित कंरना, ऋण की सुविधा देना और उनके लिए निधियाँ जुटाना है।
Q.क्या एनएसएफडीसी सभी अनुसूचित जाति के व्यक्तियों को ऋण उपलब्ध कराता है?
A. जी नहीं, एनएसएफडीसी केवल आर्थिकं दृष्टि से गरीब अनुसूचित जाति के व्यक्तियों को ऋण उपलब्ध कंराता है अर्थात् अनुसूचित जाति के व्यक्ति जिनकी वर्तमान में वार्षिकं पारिवारिकं आय गरीबी सीमा रेखा के दुगने आय सीमा (डीपीएल) (वर्तमान में ग्रामीण क्षेत्रों के लिए रुपए 40,000/- वार्षिकं एवं शहरी क्षेत्रों के लिए रुपए 55,000/- वार्षिकं) से आधकं नहीं होनी चाहिए।
Q.क्या ऋण पाने की योग्यता केवल जाति एवं आर्थिक स्थिति पर आधारित है?
A. जी हॉं, परंतु जाति एवं आर्थिकं स्थिति के अलावा आवेदको का किंसी व्यवसाय में व्यावहारिकं अनुभव या संबंधित क्षेत्र में कौशल एवं उद्यमिकं क्षमता का होना भी जरूरी है ताकिं वे ऋण का उपयोग बखूबी कंर सकें और अपने व्यवसाय को सफल बना सकें।
Q.क्या ऋण योजनाओं में महिलाओं को प्राथमिकता दी जाती है?
A. जी हाँ, एनएसएफडीसी द्वारा अनुसूचित जाति की जनसंख्या के आधार पर आबंटित निधियों का 40% अर्थात् लाभार्थियों की कुल संख्या और कुल वित्तीय राशि इन दोनों शीर्षों में महिलाओं के लिए 40% रखा गया है। जिनमें लाभार्थियों से क्रमश पुरुषों के मुकाबले 1% कंम यानि केवल 4% और 5% वार्षिकं ब्याज लिया जाता है ।
Q.क्या महिलाओं के लिए अलग से ऋण योजना है ?
A. जी हाँ, महिलाओं के लिए महिला समृद्धि योजना और महिला किंसान योजना नामकं दो अलग ऋण योजनाएं है।
Q.एनएसएफडीसी ऋण कैसे देता है?
A.एनएसएफडीसी संबंधित राज्य/संघ राज्य सरकारों द्वारा नामित चैनेलाइजिंग एजेंसियों के माध्यम से लक्ष्य समूहों के लिए आय अर्जकं योजनाओं के लिए ऋण उपलब्ध कंराता है।
एनएसएफडीसी की विभिन्न ऋण योजनाएं
Q. एनएसएफडीसी किन गतिविधियों के लिए ऋण उपलब्ध कराता है?
A. एनएसएफडीसी कृषि एवं अन्य समवर्गीय, औद्योगिकं एवं सेवा क्षेत्रों में आय अर्जकं गतिविधियों के लिए तथा व्यावसायिकं/तकंनीकी शिक्षा के लिए ऋण उपलब्ध कंराता है।
Q. एनएसएफडीसी में किस प्रकार की ऋण योजनाएं हैं ?
A. एनएसएफडीसी में इस प्रकार की ऋण योजनाएं हैः -
(i) मियादी ऋण योजना, (ii) लघु ऋण वित्त योजना , (iii) महिला समृद्धि योजना, (iv) महिला किंसान योजना (v) शिल्पी समृद्धि योजना (vi) शैक्षणिकं ऋण योजना.
Q.मियादी ऋण योजना में किंस प्रकार की गतिविधियों के लिए ऋण दिया जाता है ?
A. मियादी ऋण योजना के लिए कुछ निर्देशात्मकं योजनाएँ निम्नलिखित हैं :-
कृषि भूमि खरीद
डेयरी
ट्रेक्टर
पावर टिल्लर
बकंरी/भेड़ पालन
बागवानी/ फलोत्पादन
मुर्गी पालन
मछली पालन
मधुमक्खी पालन
मलबरी की खेती व रेशम कीड़ा/कूकून उत्पादन
लघु सिंचाई
सुअर पालन, इत्यादि
तैयार वस्त्र
आटा चक्की
टेलरिंग की दुकान
जूता विनिर्माण
फर्नीचर बनाना
सिल्कं रिलिंग यूनिट
लेदर प्रोसेसिंग यूनिट
हथकंरघा/पावरलूम
चमड़े की वस्तुओं का निर्माण
चाँदी के आभूषणों का निर्माण
रेक्जीन की वस्तुओं का निर्माण, इत्यादि
ऑटोरिक्शा
टैंट हाऊस
साइबर केफे
ब्यूटी पार्लर
उर्वरकं की दुकान
स्टील फॅब्रिकेशन
हार्डवेअर की दुकान
डिपार्टमेंटल स्टोर
फोटोग्राफी/वीडियोग्राफी
सिलाई की दुकान
डीटीपी एंड कंप्यूटर सेंटर
मेडिकंल की दुकान इत्यादि
Q.लघु ऋण वित्त योजना में किस प्रकार की गतिविधियों के लिए ऋण दिया जाता है ?
A. लघु ऋण वित्त योजना के लिए कुछ निर्देशात्मकं योजनाएँ निम्नलिखित हैं :-
सब्जी बेचना
पान की दुकान
साइकिंल मरम्मत
दुधारु पशु
बकंरी पालन
बेकंरी
अगरबत्ती विनिर्माण
पापड़ बनाना
मोमबत्ती बनाना
अचार बनाना
चाय की दुकान
मछली बेचना इत्यादि
Q.महिला समृद्धि योजना में किस प्रकार की गतिविधियों के लिए ऋण दिया जाता है ?
A. महिला समृद्धि योजना के लिए कुछ निर्देशात्मकं योजनाएँ निम्नलिखित हैं :-
चूड़ियों की दुकान
लघु डेयरी
चाय की दुकान
ब्यूटिकं
कंपड़े की दुकान
ब्यूटी पार्लर
पापड़ बनाना
कॉसमेटिक की दुकान
बाटिकं प्रिंटिंग
टोकंरी बनाना
झाड़ू बनाना
बर्तन बेचना इत्यादि
एनएसएफडीसी की विभिन्न ऋण योजनाएं (continue)
Q.महिला किसान योजना के अंतर्गत किन गतिविधियों के लिए ऋण दिया जाता है ?
A. महिला किंसान योजना के अंतर्गत महिला लाभार्थियों को कृषि और/अथवा संयुक्त खेती की योजनाएं जैसे सब्जी उगाना, फुलोत्पादन, डेयरी, मुर्गी पालन, अन्य किंसी भी प्रकार की खेती इत्यादि के लिए ऋण दिया जाता है ।
Q.महिला किसान योजना की पात्रता क्या है ?
A. महिला किसान योजना में कृषि जमीन महिला लाभार्थी के नाम अथवा उनके पति के साथ संयुक्त नाम पर होनी चाहिए । यदि कृषि भूमि केवल पति के नाम पर हो तो पति को एनएसएफडीसी का लाभार्थी नहीं होना चाहिए, और पति को उस महिला लाभार्थी द्वारा महिला किसान योजना ऋण से उस जमीन पर (पति के नाम की) कोई आर्थिकं कार्य कंरने पर कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए ।
Q.यदि किसी के पास कृषि योग्य जमीन है परंतु सिंचाई के कोई साधन नही है तो क्या सिंचाई हेतु ऋण मिल सकता है ?
A. जी हाँ, सूखी जमीन में सिंचाई के साधन हेतु बोरवेल, स्प्रिंकंलर, ड्रिप इत्यादि सिंचाई के उपकंरणों के लिए ऋण मिल सकंता है ।
Q.इन योजनाओं में कितने रुपए तकं ऋण राशि मिल सकती है और ब्याज दर क्या है?
A. इन योजनाओं की परियोजना लागत की सीमा, ऋण राशि की सीमा और ब्याज दर को नीचे की तालिका में बताया गया है :-
क्रम सं.
ऋण योजना
परियोजना लागत
ऋण की सीमा (परियोजना/ शिक्षा लागत का प्रतिशत) ब्याज दर
एस सी ए से
1.
मियादी ऋण योजना
एस सी ए से
लाभार्थियों से
कं
5.00 लाख रुपए तकं
90%
3%
6%
ख
5.00 लाख रुपए से आधकं तथा 10.00 लाख रुपए तकं
90%
5%
8%
ग
10.00 लाख रुपए से आधकं तथा 20.00 लाख रुपए तकं
90%
6%
9%
घ
20.00 लाख रुपए से आधकं तथा 27.00 लाख रुपए तकं
90%
7%
10%
3.
महिला समृद्धि योजना
50,000/- तकं
90%
2%
5%
4.
महिला किंसान योजना
50,000/- तकं
90%
2%
5%
5.
शिल्पी समृद्धि योजना
30,000/- तकं
90%
2%
5%
6.
शैक्षणिक ऋण योजना
भारत में 7.50 लाख तकं
90% पुरुष
महिला
2%
1%
5%
4%
विदेश में रू़ 15.00 लाख तकं
90% पुरुष
महिला
2%
1%
5%
4%
एनएसएफडीसी की विभिन्न ऋण योजनाएं (continue)
Q. क्या इन ऋणों में आवेदको को अपनी पूंजी भी लगानी होती है ?
A. केवल मियादी ऋण में ही आवेदकं को अपनी पूंजी भी लगानी होती है ताकिं आवेदक की भी भागीदारी परियोजना में सुनिश्चित हो सके । आवेदक (प्रवर्तक) का अंशदान इस प्रकार है -
क्रम सं.
परियोजना/इकाई की लागत
परियोजना/इकाई लागत की प्रतिशतता के रूप में प्रवर्तक का कम से कम अंशदान
(i)
1.00 लाख रुपए तकं की परियोजना लागत के लिए इस पर बल नहीं दिया जाना है ।
-
(ii)
1.00 लाख रुपए से आधकं तथा 2.50 लाख रुपए तकं की परियोजना लागत के लिए
2%
(iii)
2.50 लाख रुपए से आधकं तथा 5.00 लाख रुपए तकं की परियोजना लागत के लिए
3%
(iv)
5.00 लाख रुपए से आधकं तथा 10.00 लाख रुपए तकं की परियोजना लागत के लिए
5%
(v)
10.00 लाख रुपए से आधकं तथा 20.00 लाख रुपए तकं की परियोजना लागत के लिए
7%
(vi)
20.00 लाख रुपए से आधकं तथा 30.00 लाख रुपए तकं की परियोजना लागत के लिए
10%
Q.क्या ऋण वितरण के तुरंत बाद ही किंस्तों की अदायगी शुरू होती है?
A. जी नहीं, ऋण वितरण के बाद लाभार्थियों को अपने व्यवसाय में मजबूत होने तकं मूलधन की चुकौती शुरू नहीं की जाती। सामान्यतः व्यवसाय की प्रकार/प्रकृति के आधार पर ६ से ९ महीने के बाद मोरेटोरियम अवधि के बाद मूलधन की चुकौती शुरू होती है। आपतु ब्याज की चुकौती तो संवितरण के तुरंत बाद शुरु हो जाती है ।
Q.चुकौती अवधि क्या है?
A. योजनावार चुकौती अवधि इस प्रकार है :-
क्रम सं.
ऋण योजना
चुकौती अवधि (आधकंतम)
चुकौती का प्रकार
1
मियादी ऋण
चुकौती की वित्तीय स्थिति के आधार पर या दस वर्षों के अंदर, जो भी पहले हो
तिमाही/छमाही/अर्धवार्षिकं किंस्त
2
लघु ऋण वित्त
90 दिनों के विलंबन काल सहित आधकंतम तीन वर्षों के अंदर
तिमाही किंस्त
3
महिला समृद्वि योजना
90 दिनों के विलंबन काल सहित आधकंतम तीन वर्षों के अंदर
तिमाही किंस्त
4
महिला किंसान योजना
एकं वर्ष के विलंबन काल सहित आधकंतम दस वर्षों के अंदर
तिमाही किंस्त
5
शिल्पी समृद्वि योजना
एकं वर्ष के विलंबन काल सहित आधकंतम पाँच वर्षों के अंदर
तिमाही किंस्त
6
शैक्षणिकं ऋण योजना
पाठ््यकंम पूरा होने के छह माह बाद अथवा रोजगार प्राप्ति, जो भी पहले हो। विलंबन काल सहित पॉच वर्ष है और वुᆬल ऋण अवधि दस वर्ष से आधकं ना हो
तिमाही किंस्त
एनएसएफडीसी की विभिन्न ऋण योजनाएं (continue)
Q. क्या एनएसएफडीसी से एकं बार ऋण लेने के बाद दुबारा ऋण लिया जा सकंता है?
A. दुबारा ऋण लेने की स्थिति इस प्रकार है :-
क्रम सं.
योजना
दुबारा ऋण लेने की स्थितिः
1
मियादी ऋण योजना
एकं बार ऋण लेने के बाद दुबारा ऋण लेने के पात्र नहीं हैं।
2
लघु ऋण वित्त योजना
पहले लिए गए ऋण की चुकौती नियमित रूप से समय पर कंरने पर लाभार्थी एनएसएफडीसी से दुबारा ऋण ले सकंते हैं।
3
महिला समृद्वि योजना
पहले लिए गए ऋण की चुकौती नियमित रूप से समय पर कंरने पर लाभार्थी एनएसएफडीसी से दुबारा ऋण ले सकंते हैं।
4
महिला किंसान योजना
एकं बार ऋण लेने के बाद दुबारा ऋण लेने के पात्र नहीं हैं।
5
शिल्पी समृद्वि योजना
एकं बार ऋण लेने के बाद दुबारा ऋण लेने के पात्र नहीं हैं।
6
शिक्षा ऋण योजना
एकं बार ऋण लेने के बाद दुबारा ऋण लेने के पात्र नहीं हैं।
Q.शिल्पी समृद्वि योजना की पात्रता क्या है?
A. यह ऋण विशेष रूप से अनुसूचित जातियों के शिल्पियों, जिनके पास विकास आयुक्त (हस्तशिल्प), कंपड़ा मंत्रालय,भारत सरकार अथवा राज्य सरकार द्वारा जारी शिल्पकार पहचान पत्र धारकं को छोटे शिल्प वस्तुओ के निर्माण के लिए दिया जाता है।
ऋण आवेदन करने के लिए अपनाई गई प्रक्रिया
Q. एनएसएफडीसी से ऋण आवेदन करने की प्रक्रिया क्या है?
A. एनएसएफडीसी से ऋण आवेदन कंरने के लिए अपने राज्य में संबंधित राज्य चैनेलाइजिंग एजेंसी से संपर्क कंरना होता है। इन एजेंसीयों के कार्यालय प्रत्येकं जिले में होते हैं। जहाँ एनएसएफडीसी के प्रपत्र में व्यवसाय संबंधी विवरण एवं जाति, पारिवारिकं आय, व्यावसायिकं अनुभव एवं व्यवसाय विशेष से संबंधित काग़ज़ात जिला कार्यालय में जमा कंरने होते हैं। राज्य-वार एससीए के नाम एवं संपर्क नंबर इस पैम्पलेट के अंतिम पृष्ठ पर दिए हैं।
Q.क्या एनएसएफडीसी यात्री वाहक/माल वाहक गाडिय़ो के लिए भी ऋण प्रदान करता है ?
A. जी हॉ, सेवा क्षेत्र के अंतर्गत एनएसएफडीसी से विभिन्न प्रकार की गाडिय़ों जैसे ऑटो रिक्शा, जीप,कार, टैक्सी, ट्रेक्टर, पिकंअप वैन, छोटे वाणिज्यिकं वाहन, छोटी बसें इत्यादि के लिए ऋण प्रदान कंरता है । ये ऋण केवल आवेदकं के स्वयं-चालन के लिए दिए जाते है । इन ऋणों के लिए आवेदकं के नाम का वाणिज्यिकं ड्राइविंग लाइसेस, परमिट आदि का होना जरूरी है । एकं आवेदकं को मात्र एकं वाहन के लिए ही ऋण प्रदान किंया जाता है । लाभार्थी अपनी इच्छानुसार वाहन के मॉडल का चयन कंर सकंता है।
Q.क्या लाभार्र्थी अपनी इच्छा से योजना का चुनाव कर सकता है?
A. जी हाँ, लाभार्थी अपनी इच्छा के अनुसार योजना का चुनाव कंर सकंता है। योजना का चुनाव कंरते समय लाभार्थी को अपने कौशल, निपुणता, स्थानीय आवश्यकंता, संसाधन एवं व्यावहारिकं अनुभव को ध्यान में रखना चाहिए।
Q.शैक्षणिक ऋण किस प्रकार की शिक्षा ग्रहण करने के लिए दिया जाता है?
A. शैक्षणिकं ऋण पूर्णकालिकं व्यावसायिकं/तकंनीकी पाठ््यकंम को कंरने के लिए दिया जाता है, जिनके पूरा होने पर कोई अच्छी नौकंरी/स्व-रोजगार प्राप्त हो सके ।
Q.किन-किन व्यावसायिक/तकनीकी पाठ््यकम के लिए शैक्षणिक ऋण उपलब्ध है ?
A. शैक्षणिकं ऋण सरकार से मान्यताप्राप्त शैक्षणिकं संस्थानों द्वारा चलाए जा रहे पाठ््यकंमों के लिए प्रदान किंया जाता है । वर्तमान में निम्नलिखित पूर्णकालिकं व्यावसायिकं/तकंनीकी शिक्षा क्षेत्र के पाठ्यव्रᆬमों के लिए उपलब्ध कंराया जाता है :-
सीए/आईसीडब्ल्यूए/सीएस/एएमआईई/एफआईए/आईईटीई जैसे व्यावसायिकं पाठ्यव्रᆬम ।
मान्यता प्राप्त संस्थानों से एम़फिल/पीएचडी के डॉक्टरेट स्तर पर अध्ययन जैसी उच्च शिक्षा
Q.एनएसएफडीसी ऋण देने के अलावा क्या करता है?
A.ऋण देने के अलावा एनएसएफडीसी लक्ष्य समूह के शिक्षित बेरोजगार युवाओं को प्रतिष्ठित सरकारी प्रशिक्षण संस्थानों के माध्यम से उभरते हुए व्यवसाय क्षेत्रों में कौशल एवं उद्यमिता प्रशिक्षण प्रदान कंरता है। इन कार्यव्रᆬमों के लिए एनएसएफडीसी प्रशिक्षण संस्थनों को राज्य चैनेलाइजिंग एजेंसियों के माध्यम से शतप्रतिशत अनुदान देता है।
Q.क्या इन प्रशिक्षण कार्यव्रᆬमों में कोई वृत्तिका (stipend) दी जाती है?
A.जी हाँ, इन प्रशिक्षण कार्यकंमो के दौरान लाभार्थियों को प्रतिमाह रुपए 1000/- की दर से वृत्तिका का प्रावधान है। जिससे लाभार्थी अपने आवश्यकं खर्चों को पूरा कंर सकें।
ऋण आवेदन करने के लिए अपनाई गई प्रक्रिया (continue)
Q. कौशल प्रशिक्षण किन - किन क्षेत्रों में दिया जाता है ?
A. वर्तमान में कौशल प्रशिक्षण निम्नलिखित क्षेत्रों में दिए जा रहे हैं :-
हार्डवेयर और नेटवर्किंग में सर्टिफिकेट कोर्स.
गारमेंट निर्माण कोर्स
सीएनसी मिलिंग प्रोग्रामिंग और ऑपरेशन
शॉल बुनाई
एकांटिंग पैकेज टैली
ऑटोमोबाइल मरम्मत और सर्विसिंग
ब्यूटी पार्लर, नर्सिंग, प्रयोगशाला तकनीशियन
प्रमाणित इलेक्ट्रॉनिकं असेंबली ऑपरेटर
Q.किन-किन व्यावसायिकं/तकंनीकी पाठ््यकम के लिए एनएसएफडीसी शैक्षिक ऋण प्रदान करता है?
A.
ऑटो कैड
प्लास्टिक इंजेक्शन मशीन ऑपरेटर
पैटर्न कंटिंग मास्टर कोर्स
हार्डवेयर एवं नेटवर्किंग में डिप्लोमा.
फल प्रसंस्करण
सीएनसी मिलिंग प्रोग्रामिंग और ऑपरेशन
सीएनसी टर्निंग प्रोग्रामिंग आंड ऑपरेशन
खिलौने बनाना
एमएस ऑफिस और इंटरनेट में सर्टिफिकेट कोर्स.
सिलाई मशीन ऑपरेटर कोर्स
मशीन मैकेनिक कोर्स
डेस्क टॉप पब्लिशिंग और एमएस ऑफ़िस
उद्यमिता विकास कार्यक्रम.
मोबाइल फोन मरम्मत
मोटर रिवाइंडिंग
फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी
प्लास्टिक बाहर निकालना मशीन ऑपरेटर
डीजल इंजन एवं पावर टिलर की मरम्मत और रखरखाव
रेफ्रिजरेटर और एयर कंडीशनर की मरम्मत
वेल्डिंग और पेᆬब्रिकेशन, इलेक्ट्रीशियन इत्यादि
Q.कौशल प्रशिक्षण के बाद लाभार्थियों को कौन-सी सुविधाएँ प्रदान की जाती हैं ?
A. कौशल प्रशिक्षण के बाद लाभार्थियों को संबंधित क्षेत्रों में नियोजन सहायता (Placement assistance) दी जाती है । इसके साथ ही ऐसे लाभार्थी जो स्वरोजगार इकाई स्थापित कंरना चाहते हैं, उन्हें निःशुल्कं उद्यमिकं मार्गदर्शन के साथ एनएसएफडीसी/राज्य चैनेलाइजिंग एजेंसियों की ऋण योजनाओं और आवेदन प्रक्रिया की जानकारी भी दी जाती है ।
Q.एनएसएफडीसी द्वारा प्रायोजित कौशल प्रशिक्षण प्राप्त करने की क्या प्रक्रिया है?
A. कौशल प्रशिक्षण कार्यव्रᆬमों को स्थानीय समाचार पत्रों में समय-समय पर विज्ञापित किंया जाता है। एनएसएफडीसी की ओर से कौशल प्रशिक्षण देने वाली संस्थाओं की एकं चयन प्रक्रिया है। इसके लिए एनएसएफडीसी की राज्य चैनेलाइजिंग एजेंसियों से संपर्क किंया जा सकंता है, जिनके नाम और संपर्क नंबर इस पैम्पलेट के अंत में दिए गए हैं।
Q.एनएसएफडीसी से ऋण के संबंध में यदि कोई शिकायत है तों किससे संपर्क किंया जा सकता है?
A. एनएसएफडीसी से ऋण के संबंध में यदि कोई शिकायत है तों निम्नलिखित से संपर्क किंया जा सकंता हैः-
जन शिकायत आधकारी, जन शिकायत कंक्ष, एनएसएफडीसी प्रधान कार्यालय, दिल्ली तथा अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशकं, एनएसएफडीसी, दिल्ली ।